Mandir Me Rehte Ho Bhagwan

Krishna Mantra Jaap (श्री कृष्ण मंत्र जाप)

ॐ नमो भगवते वासुदेवाय हरे राम – हरे कृष्ण श्री कृष्ण शरणम ममः
हरे कृष्ण हरे कृष्ण – कृष्ण कृष्ण हरे हरे – हरे राम हरे राम – राम राम हरे हरे
Krishna Bhajan
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मन्दिर मे रहते हो भगवन


मन्दिर मे रहते हो भगवन
मन्दिर मे रहते हो भगवन
कभी बाहर भी आया जाया करो
कभी बाहर भी आया जाया करो

मैं रोज़ तेरे दर आता हूँ
मैं रोज़ तेरे दर आता हूँ

कभी तुम भी मेरे घर आया करो
कभी तुम भी मेरे घर आया करो

मन्दिर मे रहते हो भगवन
मन्दिर मे रहते हो भगवन

मै तेरे दर का जोगी हूँ
मै तेरे दर का जोगी हूँ

हुआ तेरे बिना वियोगी हूँ
हुआ तेरे बिना वियोगी हूँ

तेरी याद मे आसूं बहते हैं
तेरी याद मे आसूं बहते हैं

इतना ना मुझे तडपाया करो
इतना ना मुझे तडपाया करो

मैं रोज़ तेरे दर आता हूँ
मैं रोज़ तेरे दर आता हूँ

कभी तुम भी मेरे घर आया करो
कभी तुम भी मेरे घर आया करो

मन्दिर मे रहते हो भगवन
मन्दिर मे रहते हो भगवन

आते क्यों मेरे नजदीक नहीं
आते क्यों मेरे नजदीक नहीं

इतना तो सताना ठीक नहीं
इतना तो सताना ठीक नहीं

मैं दिल से तुमको चाहता हूँ
मैं दिल से तुमको चाहता हूँ

कभी तुम भी मुझे अपनाया करो
कभी तुम भी मुझे अपनाया करो

मैं रोज़ तेरे दर आता हूँ
मैं रोज़ तेरे दर आता हूँ

कभी तुम भी मेरे घर आया करो
कभी तुम भी मेरे घर आया करो

मन्दिर मे रहते हो भगवन
मन्दिर मे रहते हो भगवन

मैं दीन हूँ, दीनानाथ हो तुम
मैं दीन हूँ, दीनानाथ हो तुम

सुख़ दुःख मे सब के साथ हो तुम
सुख़ दुःख मे सब के साथ हो तुम

मिलने की चाह खामोश करें
मिलने की चाह खामोश करें

कभी तुम भी मिला-मिलाया करो
कभी तुम भी मिला-मिलाया करो

मैं रोज़ तेरे दर आता हूँ
मैं रोज़ तेरे दर आता हूँ

कभी तुम भी मेरे घर आया करो
कभी तुम भी मेरे घर आया करो

मन्दिर मे रहते हो भगवन
कभी तुम भी मेरे घर आया करो
मन्दिर मे रहते हो भगवन

Mandir Me Rehte Ho Bhagwan
Mandir Me Rehte Ho Bhagwan

मन्दिर मे रहते हो भगवन
कभी तुम भी मेरे घर आया करो

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Bhajan and Prayers

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Mandir Me Rehte Ho Bhagwan

Acharya Shri Mridul Krishna Goswamiji.

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Mandir Me Rehte Ho Bhagwan


Mandir me rehte ho Bhagwan
Kabhi baahar bhi aaya jaaya karo
Main roz tere dar aata hoon
Kabhi tum bhi mere ghar aaya karo

Mandir me rehte ho Bhagwan
Mandir me rehte ho Bhagwan

Mai tere dar ka jogi hoon
Hua tere bina viyogi hoon
Teri yaad me aasoon bahate hain
Itna na mujhe tadapaaya karo

Main roz tere dar aata hoon
Kabhi tum bhi mere ghar aaya karo
Mandir me rehte ho Bhagwan

Aate kyon mere najadik nahin
Itna to sataana theek nahin
Main dil se tumko chaahata hoon
Kabhi tum bhi mujhe apanaaya karo

Main roz tere dar aata hoon
Kabhi tum bhi mere ghar aaya karo
Mandir me rehte ho Bhagwan

Main din hoon, dinaanaath ho tum
Sukh duhkh me sab ke saath ho tum
Milne ki chaah khaamosh karen
Kabhi tum bhi mila-milaaya karo

Main roz tere dar aata hoon
Kabhi tum bhi mere ghar aaya karo
Mandir me rehte ho Bhagwan

Mandir Me Rehte Ho Bhagwan
Mandir Me Rehte Ho Bhagwan

Main roz tere dar aata hoon
Kabhi tum bhi mere ghar aaya karo

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Bhajan and Prayers

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